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portada आख़िरी बेंच वाला बच्चा (Hindi Edition)
Formato
Libro Físico
Encuadernación
Tapa Blanda
ISBN13
9789334468977

आख़िरी बेंच वाला बच्चा (Hindi Edition)

Soni, Naval Kishor (Autor) · Naval Kishor Soni · Tapa Blanda

आख़िरी बेंच वाला बच्चा (Hindi Edition) - Soni, Naval Kishor

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Reseña del libro "आख़िरी बेंच वाला बच्चा (Hindi Edition)"

क्या किसी बच्चे की क्षमता उसके अंकों से तय की जा सकती है ? क्या कक्षा में सबसे पीछे बैठने वाला बच्चा जीवन में भी सबसे पीछे रह जाता है ? आरव भी ऐसा ही एक बच्चा था-कक्षा की आख़िरी बेंच पर बैठने वाला, पढ़ाई में साधारण समझा जाने वाला और धीरे-धीरे स्वयं पर विश्वास खोता हुआ। फिर उसकी ज़िंदगी में आते हैं अनिरुद्ध सर-एक ऐसे शिक्षक, जो बच्चे के अंकों से पहले उसके मन को पढ़ना जानते हैं। वे आरव को बताते हैं कि आख़िरी बेंच कोई पहचान नहीं, केवल एक जगह है। आरव की यात्रा यहीं से शुरू होती है। गरीबी, पारिवारिक संघर्ष, असफलता, प्रतियोगिताओं में हार, नए शहर का अकेलापन, आत्मविश्वास का टूटना और फिर स्वयं को दोबारा खड़ा करना-इन सबके बीच आरव धीरे-धीरे समझता है कि शिक्षा केवल परीक्षा पास करने का माध्यम नहीं, बल्कि अपने भीतर छिपी संभावनाओं को पहचानने की यात्रा है। यह केवल आरव की कहानी नहीं है। यह उन लाखों बच्चों की कहानी है जिन्हें कभी 'कमज़ोर', 'औसत', 'शरारती' या 'आख़िरी बेंच वाला' कहकर उनकी वास्तविक क्षमता को देखने से पहले ही छोड़ दिया गया। यह उन शिक्षकों को समर्पित कहानी है जो पाठ्यपुस्तक से पहले बच्चे को पढ़ते हैं। यह उन माता-पिताओं की कहानी है जो सीमित साधनों के बावजूद अपने बच्चों के सपनों को जीवित रखते हैं। और सबसे बढ़कर यह उस विश्वास की कहानी है कि हर बच्चे के भीतर कुछ ऐसा अवश्य होता है, जिसे सही अवसर और सही व्यक्ति की एक नज़र की आवश्यकता होती है। "प्रतिभा की कोई सीट नहीं होती।" अगर आपने कभी स्वयं को कम आँका है...अगर कभी किसी ने आपको आपके अंकों से पहचाना है...अगर आप शिक्षक हैं...या किसी बच्चे के माता-पिता हैं... तो संभव है, इस कहानी में आपको आरव का एक हिस्सा अपने भीतर दिखाई दे।

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